
गाजियाबाद। दिनेश गोयल ने कहा कि गुरुवार का दिन उनके जीवन के सबसे सौभाग्यशाली दिनों में से एक रहा।
उन्होंने बताया कि उनके पूज्य गुरुदेव डॉ. चंद्र भूषण, जिन्होंने उन्हें बीएससी में फिजिक्स पढ़ाकर जीवन की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, 91 वर्ष की आयु में भी शिक्षा और लोकतंत्र के प्रति पूरी तरह समर्पित हैं।
दिनेश गोयल ने कहा कि उनके गुरुदेव स्नातक एमएलसी चुनाव हेतु अपना वोट बनवाने के लिए स्वयं उनके कार्यालय पहुंचे। गुरुदेव को देखकर उनकी आंखें भावुक हो उठीं। उन्होंने कहा कि जिस गुरु ने कभी ब्लैकबोर्ड पर उन्हें फॉर्मूले सिखाए थे, आज वही लोकतंत्र की पाठशाला में अपना कर्तव्य निभाने पहुंचे।
उन्होंने अपने गुरुदेव के चरण स्पर्श कर आशीर्वाद लिया और कहा कि एक शिष्य के लिए इससे बड़ा सम्मान कोई नहीं हो सकता। उन्होंने कहा कि डॉ. चंद्र भूषण की ऊर्जा, अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा आज भी युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है।
इसी अवसर पर संजीव कुमार से भी शिष्टाचार भेंट हुई। बुलंदशहर से पधारे मुख्य अभियंता के साथ ऊर्जा विभाग से जुड़े विभिन्न जनहित के मुद्दों पर सकारात्मक चर्चा की गई।
दिनेश गोयल ने बताया कि इस दौरान विभिन्न जनपदों से आए प्रबुद्धजनों, समाजसेवियों एवं कार्यकर्ताओं से भी आत्मीय मुलाकात हुई। उन्होंने सभी के स्नेह और सहयोग को अपनी सबसे बड़ी पूंजी बताया।